संपत्ति को लेकर विवाद बढ़ा, थाने तक पहुंचा मामला
सामना संवाददाता / खगड़िया
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान और उनके चाचा पशुपति कुमार पारस के बीच का झगड़ा जगजाहिर है। अब एक बार फिर पासवान परिवार चर्चा में है। खगड़िया के शहरबन्नी में पासवान परिवार की संपत्ति को लेकर विवाद बढ़ गया है। मामला इतना बढ़ गया है कि थाने तक पहुंच गया है। दिवंगत रामविलास पासवान की पहली पत्नी राजकुमारी देवी ने पशुपति कुमार पारस और रामचंद्र पासवान की पत्नी पर उनके पैतृक घर पर ताला लगाने का आरोप लगाया है। राजकुमारी देवी ने चिराग पासवान से जल्द खगड़िया आकर घर का बंटवारा करने की गुहार लगाई है। चिराग पासवान की पार्टी एलजेपीआर ने इस घटना की निंदा की है और पशुपति कुमार पारस को जिम्मेदार ठहराया है। वहीं पशुपति कुमार पारस ने इसे राजनीतिक ड्रामा बताया है।
दरअसल, पासवान परिवार में संपत्ति को लेकर विवाद बढ़ता ही जा रहा है। कल यह मामला और भी गंभीर हो गया। दिवंगत रामविलास पासवान की पहली पत्नी राजकुमारी देवी के पैतृक घर पर ताला लगा दिया गया। राजकुमारी देवी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री पशुपति कुमार पारस और रामचंद्र पासवान की पत्नी पर ताला लगाने का आरोप लगाया है। घटना के बाद चिराग पासवान की बड़ी ‘मां’ की तबीयत बिगड़ गई। उन्होंने चिराग पासवान से न्याय की गुहार लगाई है। राजकुमारी देवी ने कहा कि चिराग बाबू जल्द से जल्द खगड़िया आकर घर का बंटवारा कर दें, नहीं तो उनकी स्थिति और भी खराब हो सकती है। पासवान परिवार के बीच संपत्ति का विवाद सामने आने से राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है। वहीं प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री दिवंगत रामविलास पासवान की पहली पत्नी राजकुमारी देवी के साथ हुए कथित दुर्व्यवहार के लिए उनके भाई और राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी पशुपति कुमार पारस को जिम्मेदार ठहराया है। इस पूरे मामले पर पशुपति कुमार पारस ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस घटना को राजनीतिक बताते हुए ड्रामा करार दिया है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना है कि जमीन बंटवारे की प्रक्रिया चल रही है।